दबाव के ढक्कन के साथ जयंत सिन्हा भी हवा में उड़ गए

जयंत सिन्हा नरेंद्र मोदी की सरकार में प्रभावशाली नेता के तौर पर उभरने वालों में से थे। माना जाता था कि Narendra modi नरेंद्र मोदी की अंतर्राष्ट्रीय वित्तीय छवि को दुरुस्त करने वाले मंत्रियों में जयंत सिन्हा हैं। जयंत सिन्हा विदेश में पढ़े हुए हैं। सिन्हा के पास आईआईटी दिल्ली से बीटेक की डिग्री है। जयंत ने हार्वर्ड से एमबीए किया है और पेनिसेल्विनिया विश्वविद्यालय से एनर्जी मैनेजमेंट और पॉलिसी की डिग्री ली है। मेकेंजी के साथ जयंत 12 साल काम कर चुके हैं। ये ऐसा प्रोफाइल है जो, पूरी तरह से किसी भी सरकार में वित्त या इससे जुड़े मंत्रालय के लिए पर्फेक्ट 10 जैसा होता है। इसीलिए जब जयंत सिन्हा को मोदी ने वित्त राज्यमंत्री बनाया और जब-जब इस बात की चर्चा हुई कि अरुण जेटली Arun Jaitley से वित्त लिया जा सकता है, तो जयंत सिन्हा एक स्वाभाविक दावेदार के तौर पर सामने आते रहे। लेकिन, ये तो जयंत सिन्हा के प्रोफाइल एक पैराग्राफ है। जयंत सिन्हा के बायोडाटा का असल यूएसपी Yashwant Sinha यशवंत सिन्हा का बेटा होना है। इसीलिए जब यशवंत सिन्हा ब्रेन डेड टाइप के बयान दे रहे थे, फिर भी जयंत सिन्हा की बुद्धि की मजबूती मोदी सरकार मान रही थी।


दरअसल यशवंत सिन्हा के बयान मोदी सरकार के वित्त राज्यमंत्री जयंत सिन्हा Jayant Sinha के लिए सार्थक दबाव वाले ढक्कन की तरह काम कर रहे थे। और इसी दबाव के ढक्कन वाली बोतल में जयंत बहुत मजबूत नजर आ रहे थे। लेकिन, कई बार ऐसा होता है कि दबाव बनाते पता ही नहीं लगता कि कब दबाव ज्यादा हो गया। यही गलती यशवंत सिन्हा से भी हो गई। उन्होंने पाकिस्तान से लेकर ढेर सारे मामलों में मोदी सरकार की नीतियों की ऐसी-तैसी करनी शुरू कर दी। अब ढक्कन दबाव में नहीं, बोतल में आ गया था। इतना ज्यादा कि इस मंत्रिमंडल विस्तार में बोतल के दबाव ने यशवंत सिन्हा के ढक्कन के दबाव को धकेल दिया। और ढक्कन के साथ जयंत सिन्हा भी हवा में उड़ गए। वित्त राज्यमंत्री से वित्त मंत्री बनने के रास्ते पर जा रहे जयंत सिन्हा अचानक विमानन मंत्रालय पहुंच गए। जयंत के जाने की यही असली कहानी है। और इस मंत्रिमंडल की सबसे बड़ी खबर भी। भले ही लोग Smriti Irani स्मृति ईरानी को सबसे बड़ी खबर मान रहे हों।